Type Here to Get Search Results !

सरगुना भाटा डीपा पारा के नदी में अभी तक नहीं बना है पुल, जान जोखिम में डाल नदी पार कर जाते है छात्र-छात्रा बच्चे

एक गांव ऐसा भी जहां आजादी के 75 वर्ष बाद भी कुछ भी मूलभूत सुविधा उपलब्ध नहीं, यहां ना तो पक्की सड़क है, और ना ही नदी नाले में पुल, यहां की स्कूली बच्चे जान जोखिम में डालकर नदी पार कर जाते हैं स्कूल, ग्रामीणों को भी होती है भारी परेशानी 

महासमुंद जिला के अंतिम छोर पर स्थित, ग्राम सरगुना भाटा डीपा पारा का, जहाँ कुछ भी मूलभूत सुविधा उपलब्ध नहीं है, यहां की नदी नाले में अभी तक पुल नहीं बना है नाही पक्की सड़क,जिसके चलते ग्रामीणों को आने जाने में बहुत ही परेशानी होती है, भारी बरसात बाढ़ आया रहता है तो भी, आंगनबाड़ी में जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे और स्कूल में पढ़ने वाले छोटे स्कूली बच्चे भी इसी नदी को पार कर जाते हैं स्कूल

यहां की ग्रामीणों को यह डर हमेशा सताती है कि कहीं नदी पार करते समय उनके बच्चे और उनके साथ कोई अनहोनी घटना ना हो जाए ग्रामीणों से शासन-प्रशासन से बस यही मांग है, कि यहां पक्की सड़की ,नदी नाले में पुल बन जाए लेकिन उनकी गुहार अब तक नहीं सुनी गए जिससे ग्रामीणों में शासन प्रशासन से भरोसा उठता हुआ नजर आ रही है।

महासमुंद से सुधीर साहू की खास रिपोर्ट 

Tags

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.